“उपलब्धियों का जश्न: नारायणा पंजाबी बाग में मेधावी छात्रों के साथ मनाया गया विजय उत्सव, भावी इंजीनियरों और डॉक्टरों का हुआ सम्मान”

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कड़ी मेहनत, समर्पण और सफलता का जश्न

नई दिल्ली (सुधीर सलूजा) प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा जेईई एडवांस और नीट -2026 में इस वर्ष नारायणा इंस्टिट्यूट, पंजाबी बाग के विद्यार्थियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए संस्था का नाम रोशन किया है। संस्थान के कई छात्रों ने उत्कृष्ट अंक प्राप्त कर राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई।

संस्थान के प्रबंधन के अनुसार, इस वर्ष अनेक विद्यार्थियों ने उच्च रैंक प्राप्त की, जबकि 150 से अधिक छात्रों ने जेईई एडवांस-2026 और 8 विद्यार्थियों ने नीट 2026 में सफलता हासिल की। इस उपलब्धि का श्रेय संस्थान ने विद्यार्थियों की मेहनत, अभिभावकों के सहयोग तथा अनुभवी शिक्षकों के मार्गदर्शन को दिया है।

नारायणा कोचिंग सेंटर, पंजाबी बाग ने जेईई एडवांस और नीट -2026 में अपनी उत्कृष्ट उपलब्धियों का विजय उत्सव मनाया और भावी इंजीनियरों और डॉक्टरों को सम्मानित किया। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि श्री राजीव रंजन आईएएस, प्रशासनिक अधीक्षक, मध्य उत्तर जिला, दिल्ली रहे। वे आई आई टी से भी उत्तीर्ण है और इससे पहले अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के उपराज्यपाल रह चुके हैं। इस कार्यक्रम में विशेष अतिथि श्री श्याम भूषण नेशनल हेड नारायण कोचिंग सेंटर रहे।

नारायणा पंजाबी बाग केंद्र के आठ छात्रों संकल्प रंजन, मोहम्मद आसिफ ,अनुप्रिया कुमारी , ईशान पांडेय, शिवानी शाक्य, आयुष द्विवेदी, प्रियंका घोष और रौनक कनौजिया ने नीट 2026 में सफलता हासिल की।

इसके साथ ही नारायण इंस्टिट्यूट पंजाबी बाग के 150 से अधिक छात्रों ने जेईई एडवांस 2026 परीक्षा में सफलता हासिल की। अर्चित अरोड़ा 103 , निपुण शर्मा 284 और अक्षांश गोयल 384 वें स्थान पर रहे। वहीं शीर्ष 500 रैंक में संस्थान के 7 छात्र, शीर्ष 1000 रैंक में संस्थान के 11 छात्र, शीर्ष 5000 रैंक में संस्थान के 34 छात्र और शीर्ष 10000 रैंक में संस्थान के 50 छात्र शामिल है।

नारायणा पंजाबी बाग के केंद्र निदेशक भूपेश कुमार ने कहा कि आज हम केवल अपने छात्रों की सफलता का उत्सव मनाने नहीं आए हैं, बल्कि उनके सपनों , उनकी मेहनत, उनके संघर्षों ,उनकी दृढ़ता का भी उत्सव मनाने आए हैं। जब हम सब सोते थे, तब भी हमारे बच्चे जागकर पढ़ाई करते थे । जब हम सब सोशल मीडिया पर लगे होते थे, तब भी हमारे बच्चे पढ़ाई में लगे होते थे । इसलिए आज का यह उत्सव उनके इस त्याग का उत्सव है।
“उत्कृष्टता कोई संयोग नहीं, बल्कि एक आदत है। नारायणा पंजाबी बाग में हम छात्रों को शीर्ष पर पहुंचने के लिए प्रशिक्षित करते हैं, उन्हें खोजते नहीं हैं। हमारे परिणाम अद्वितीय शैक्षणिक मार्गदर्शन, अनुशासन और शिक्षकों के समर्पण को दर्शाते हैं,”

संस्थान के निदेशक ने सफल विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि यह परिणाम निरंतर अनुशासित अध्ययन, नियमित टेस्ट प्रणाली तथा व्यक्तिगत मार्गदर्शन का परिणाम है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि ये विद्यार्थी देश के प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग संस्थानों में प्रवेश लेकर भविष्य में राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
सफल विद्यार्थियों एवं उनके अभिभावकों में इस उपलब्धि को लेकर उत्साह का वातावरण है, वहीं संस्थान ने भी भविष्य में और बेहतर परिणाम देने का संकल्प व्यक्त किया है।

इस अवसर पर मुख्य अतिथि श्री राजीव रंजन ने कहा कि यह उत्सव सफलता की मात्र पहली सीढ़ी है, संपूर्ण सफलता नहीं। आज उत्सव मनाईए और संपूर्ण सफलता के लिए कड़ी मेहनत, समर्पण और एकाग्रता की आवश्यकता है। उन्होंने अपने पुराने दिनों को याद करते हुए कहा कि मैंने जब आई आई टी से मैकेनिकल इंजीनियरिंग की तो उसके बाद मैंने लगातार 6 कंपनी में नौकरी बदली। जब मैं 30 वर्ष का था तो मैंने सोचा कि मुझे भारतीय प्रशासनिक सेवा में आना ही है ,क्योंकि यह आखरी मौका था। इसे लेकर मैं और मेरा परिवार चिंतित था। परंतु मुझे मेरी कड़ी मेहनत और भाग्यवश मुझे सफलता प्राप्त हुई। जीवन में बहुत उतार-चढ़ाव देखने को मिलते हैं। परंतु हमें डटकर मुकाबला करना है। उन्होंने उत्तीर्ण छात्रों को शुभकामनाएं दी और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।

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